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: जिले में बैठे अधिकारी को नही मालुम बिहारपुर चादनी क्षेत्र की जमीनी हकीकत....अधिकारी सरकारी योजनाओ का लगा रहे है पलीता

Admin

Sun, Aug 23, 2020

राजेश सोनी
सूरजपुर- जिले में सरकार की योजनाओं का कैसे इम्पीलीमेंट कागजो में हो रहा इसका उदाहरण इस बार प्रशासन की एक विज्ञप्ति से ही साबित हो रहा है। कैसे सरकार व जिला प्रशासन को अंधरे में रख कर समाज कल्याण विभाग लोगो को योजनाओ से वंचित कर रहा है। इसका जीता जागता उदहारण बीते शनिवार को उस समय सामने आया जब ओड़गी ब्लॉक के एक वृद्ध महिला की छपी की उसे पेंशन के लिए 20 वर्षो से भटकना पड़ रहा है। खबर से अकबकाये समाज कल्याण विभाग ने बगैर हकीकत जाने यह दावा करते हुए समाचार जारी किया कि महिला रुकमेन को हर माह पेंशन मिल रहा है और आज ओड़गी जनपद सीईओ मोके पर जाकर महिला से प्रमाण पत्र भी ले लिया है कि उसे पेंशन मिल रहा है।जबकि शनिवार को ग्राम महुली में जनपद का कोई नुमाइंदा पहुँचा ही नही था बल्कि एसडीएम प्रकाश सिंह राजपूत अपने दल बल के साथ वहां पहुचे थे जिन्होंने ग्रामीणों के सामने वृद्ध महिला की फ़रियाद सुनी जिसमे यह सामने आया कि उसे पेंशन नही मिल पा रहा है। उसकी पेंशन राशि अब जाकर मंजूर हुई है और अगले माह से राशन के साथ पेंशन की राशि मिलेगी । बकायदे इसका पंचनामा भी तैयार किया गया । एसडीएम ने बताया कि महिला कुछ दिनों तक कोरिया जिले में अपनी पुत्री के यहां रह रही थी इस वजह से राशनकार्ड नही बन सका और पेंशन की मंजूरी में लापरवाही हुई है। सवाल यह है कि दोनों जिला प्रशासन के अंग है एक का दावा हर माह पेंशन मिल रहा प्रमाण पत्र भी लेने का दावा। दूसरा मोके पर जाकर सच्चाई सामने रख दिया ऐसे में क्या यह साबित नही होता कि सब कुछ कागजो में समाज कल्याण विभाग खेल रहा है और इसमें आंख बंद कर जिले के बड़े अधिकारी भी सरंक्षण दे रहे है। बगैर सच्चाई जाने इस तरह के दावे करने से क्या हकीकत छुप जाएगी इस पर जिला अधिकारीयो को न केवल विचार करना चाहिए बल्कि इस के जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई भी सुनिश्चित होनी चाहिए ताकि शासन की योजनाओं का लाभ जरूरतमन्दों को मिल सके न कि वह कागजो की भेंट चढ़ जाए।

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