ब्रेकिंग

के बीच प्यासा किसान; नवगई और मोहरसोप केंद्रों में पेयजल का भारी संकट

बारातियों से भरी पिकअप पलटी, दो की मौत, कई घायल

प्रेमनगर स्वास्थ्य केंद्र में गर्भवती महिला से छेड़छाड़, आरोपी वार्ड बॉय गिरफ्तार

9 साल की मासूम से दादा ने की दरिंदगी

इलेक्ट्रॉनिक उपकरण खाक, महत्वपूर्ण दस्तावेज सुरक्षित ​

सूचना

: शिक्षको के अवैध उगाई का अड्डा बना शिक्षा मंत्री का गृह जिला,गरीब छात्रो से की जा रही है पैसो की अवैध वसूली.. आखिर क्यूँ छात्रो को कलेक्टर से लगानी पड़ी गुहार...

Admin

Mon, Jul 8, 2019

ओ पी तिवारी

सूरजपुर -- प्रदेश के शिक्षा मंत्री के गृह जिले सूरजपुर के शिक्षक फिर से एक बार विवादों में हैं,इस बार वजह है बच्चों को टी सी देने के नाम पर अवैध पैसा वसूली का मामला,जिसकी शिकायत खुद छात्रों ने कलेक्टर से की है,जिसके बाद अब विभागीय जांच जारी है|वहीँ स्कुल के प्रिंसिपल भी यह बात स्वीकार कर रहे हैं की उनके तीन शिक्षकों के द्वारा टीसी के एवज में पैसे की मांग की गई है|
पूरा मामला सूरजपुर मुख्यालय से महज सात किमी दूर स्थित हाई स्कुल पसला का है,जहाँ स्कुल के छात्रों ने कलेक्टर से लिखित शिकायत की है की स्कुल के शिक्षक दसवीं पास सभी 31 छात्रों से टीसी देने के एवज में 300 रुपये की मांग कर रहे है,

दरअसल यह स्कुल दसवीं तक है और अब दसवीं पास सभी छात्रों को आगे पढ़ाई जारी रखने के लिए दूसरे स्कुल में दाखिला लेना है,जिसके लिए छात्रों को स्कुल से टीसी की दरकार है,लेकिन आरोप है की स्कुल के शिक्षक टीसी देने के नाम पर इन गरीब छात्रों से 300 रुपये रिस्वत की मांग कर रहे हैं,शिकायत के बाद अब जिला शिक्षा अधिकारी के अगुआई में एक टीम गठित कर दी गई है जो इस पुरे मामले की जांच कर रही है,यदि जांच अधिकारी के सी साहू की माने तो अभी तक 9 छात्रों का बयान दर्ज किया जा चुका है और शुरूआती जांच में यह पाया गया है की छात्रों का आरोप सही है,फिलहाल जांच अधिकारी खुल कर कुछ भी कहने को तैयार नहीं हैं वे अपनी जांच जिला शिक्षा अधिकारी को सौपने की बात कह रहे हैं| वहीँ  इस पुरे मामले में स्कुल के प्रिंसिपल ने यह माना की स्कुल के दो महिला शिक्षक सहित तीन शिक्षक इस मामले में शामिल हैं,जिनके नाम अल्पना मिंज,पुरुषोत्तम राम भारद्वाज और अंजना प्रजापति हैं,इसकी शिकायत उन्होंने अपने आला अधिकारियों से भी की है |इस पुरे  मामले में सबसे बड़ा सवाल यह है की यदि शिक्षा मंत्री के गृह जिले की स्थिति यह है तो प्रदेश की स्थिति क्या होगी इसका अनुमान आसानी से लगाया जा सकता है,फिलहाल शिक्षा विभाग पुरे मामले की जांच कर रहा है लेकिन लाख टके का सवाल यह है की क्या गरीब पीड़ित छात्रों को न्याय मिल पायेगा|

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें