: कलक्टर करवा रहे वृक्षारोपण और एसडीएम ने दे दी पेड़ काटने की अनुमति
Fri, Jul 13, 2018
प्रवेश गोयल
सूरजपुर- जिले में जहां एक ओर कलेक्टर केसी देवसेनापति के द्वारा अभियान चलाकर लाखों की तादाद में वृक्षारोपण कराया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर मुख्यालय के एसडीएम वृक्षों को काटने का आदेष जारी कर रहे है। अंतर सिर्फ इतना है कि एसडीएम के द्वारा जारी आदेष लहलहाते हरे वृक्षों को काटने के लिए नहीं बल्कि बच्चों के लिए जान लेवा साबित हो रहे हैं, स्कूल परसिर में स्थित दो सूखे और जीर्ण हो चुके वृक्षों के लिए है।
उल्लेखनीय है कि बरसात शुरू होते ही सूरजपुर जिले में प्रषासनिक पहल पर दो लाख से भी अधिक पौधा का रोपण पर्यावरण सुरक्षा की दृष्टि से किया गया है। वहीं सूरजपुर एसडीएम डॉ सुभाष सिंह राज के द्वारा बच्चों की सुरक्षा के लिए विश्रामपुर के प्राथमिक शाला परिसर में स्थित दो पुराने और सूख चुके वृक्षों को काटने का आदेष दिया है। यहां यह बताना आवष्यक है कि विश्रामपुर के पुष्पवाटिका पार्क के पष्चिम में स्थित शासकीय प्राथमिक शाला परिसर में षीषम प्रजाति के दो विषालकाय वृक्ष सूख गये है और इन सूखे वृक्षों की डंगाल हवा के झोंकों के मध्य टूट- टूटकर गिर रही है, इन वृक्षों के धरासायी होने के स्थिति में कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। जिसकी चिंता प्रधानपाठक समेत स्थानीय नागरिक दुर्गा गुप्ता, राजकुमार गुप्ता, आनंद सिंह और कुसुम देवांगन ने की और उन्होंने एसडीएम सूरजपुर से पत्राचार कर जानलेवा साबित हो रहे इन सूखे वृक्षों को कटवाने की अनुमति मांगी। जिस पर एसडीएम डॉ सुभाष सिंह राज ने न केवल अनुमति दे दी बल्कि राजस्व पटवारी को भेज रिपोर्ट भी मंगवाई। पटवारी द्वारा पंचनामा तैयार किया गया और उन्होंने भी स्कूल परिसर में स्थित दोनों वृक्षों को घातक बताया। जिसे शीघ्र ही काटकर यहां के वातावरण को सुरक्षित किया जायेगा।
: मायुमं ने बच्चों को बांटी खुशियां और लगाये वृक्ष
Fri, Jul 13, 2018
प्रवेश गोयल
सूरजपुर- मारवाड़ी युवा मंच की संस्कृति शाखा के द्वारा षिक्षा और पर्यावरण को प्रोत्साहन देने के उद्देष्य से तुरियापारा स्थित प्राथमिक शाला के गरीब छात्र, छात्राओं को शैक्षणिक सामग्री का वितरण किया गया और पोस्ट मैट्रिक बालक छात्रावास परिसर में वृक्षारोपण किया गया।
इस संबंध में सूरजपुर संस्कृति शाखा अध्यक्ष सपना अग्रवाल ने बताया कि मारवाड़ी युवा मंच के राष्ट्रीय अभियान के तहत शुक्रवार को नगर के तुरियापारा स्थित नवीन प्राथमिक पाठषाला में अध्ययनरत गरीब बच्चों को कापी, पेन, पेंसिल, कलर सामग्री समेत अन्य शैक्षणिक सामग्रियों का वितरण किया गया है।
वहीं पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देष्य से पोस्ट मैट्रिक बालक छात्रावास परिसर में फलदार एवं पुष्प प्रदाता प्रजाति के वृक्षों का रोपण किया गया। इस दौरान स्कूली बच्चों को मिष्ठान वितरण भी किया गया। इस कार्यक्रम में संस्था की अध्यक्ष सपना अग्रवाल, प्रज्ञा अग्रवाल, ललिता अग्रवाल, मंजू अग्रवाल, उमा अग्रवाल, कनक गोयल, शिल्पी अग्रवाल, सीमा अग्रवाल, अंकिता अग्रवाल, पिंकी गोयल, गीतू गोयल, पूजा अग्रवाल, विजया गर्ग, मंजू गोयल के अलावा संजय चौबे, बालेष्वर साहू, रामज्ञान सिंह समेत अन्य सदस्यों ने सक्रिय भूमिका निभाई।
: सिलसिलेवार 50 हजार मौतों को रोक सकता है आपके घर का मासूम बच्चा भी
Fri, Jul 13, 2018
प्रवेश गोयल
सूरजपुर- महज 9 माह का बच्चा चाहे तो भारत में हो रही सिलसिलेवार 50 हजार मौतों को रोक सकता है। समुचा विष्व जब मिजल्स और रूबेला जैसी खतरनाक बिमारी को जड़ से समाप्त करने के लिए अभियान चलाया हुआ है तो भारत में भी इस खतरनाक बिमारी का सफाया करना आवष्यक हो गया है और सफाया का कार्य सामान्य से सामान्य बच्चा भी कर सकता है। मिजल्स और रूबेला अभियान में आगामी 6 अगस्त से 1 नवम्बर तक विषेष अभियान चलाकर जिले के 9 माह से 15 वर्ष तक के ढ़ाई लाख से भी अधिक बच्चों को एमआर टीका लगाया जायेगा।
इस संबंध में जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ आरएस सिंह ने मीडिया सेंसिटाईजेषन वर्कषाप के माध्यम से बताया कि विष्व में भारत ही एक ऐसा देष है जहां अभी तक एमआर का टीका नहीं लगाया गया है, जबकि मिजल्स और रूबेला जैसी बिमारी से प्रति वर्ष 49,200 मौतें होती है। इन मौतों को रोकने के लिए भारत के सभी राज्यों में अभियान चलाकर टीकाकरण किया जा रहा है। जिसके तहत सूरजपुर जिले के 2,50,528 बच्चों को मिजल्स और रूबेला बिमारी से सुरक्षित करने 1600 कर्मचारियों की टीम बनाई गई है, जो प्रथम चरण में शासकीय और अषासकीय स्कूलों में अध्ययनरत 15 वर्ष तक के बच्चों को टीकाकरण करेंगे, वहीं दूसरे चरण में समस्त आंगनबाडी केन्द्रों में और क्रमषः ईट भट्ठे, मलीन बस्ती, इमारतों में काम करने वाली इकाईयों के अलावा जोखिम भरे क्षेत्रों में निवासरत बच्चों को टीका लगाया जायेगा। अंतिम चरण में जिले के समस्त उप स्वास्थ्य केन्द्रों, प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों और जिला चिकित्सालय में प्रतिदिन एमआर टीका लगाया जायेगा। महाराष्ट्र से इस अभियान के लिए पहुंचे सर्विलेंष मेडिकल ऑिॅफसर डॉ किषोर चौहान ने बताया कि सूरजपुर जिले में शत प्रतिषत लक्ष्य प्राप्त करने के लिए स्कूलों के माध्यम से 1686 सत्र समेत 1343 आंगनबाड़ी सत्र के अलावा 4309 टीकाकरण सत्र के माध्यम से 27,812 वैंक्सिन वायलो का टीका लगाया जायेगा। जिसकी निगरानी 1437 सुपरवाईजर करेंगे।
जिले के सिलफिली सेक्टर में मिले मिजल्स के मरीज
कार्यषाला के दौरान डॉ आरएस सिंह ने बताया कि जिले में वैसे तो अभी तक रूबेला के एक भी मरीज सामने नहीं आये है, लेकिन कुछ दिन पूर्व सिलफिली सेक्टर में मिजल्स के 5 मरीजों की पहचान कर उनका इलाज किया गया है, यह बिमारी काफी घातक है और संक्रमक होने के कारण इसका प्रकोप बहुत तेजी से फैलता है, उन्होंने बिमारी के लक्ष्णों की जानकारी देते हुए इससे मुक्ति के लिए जागरूकता अभियान चलाने के साथ- साथ एमआर टीकाकरण अभियान आवष्यक है। उन्होंने सभी वर्ग समुदाय के अभिभावकों एवं जनप्रतिनिधियों से अभियान की सफलता में सहयोग की अपील की है।
अफवाहों से बचें, नहीं है कोई साईड इफेक्ट
मिजल्स रूबेला टीकाकरण से किसी भी प्रकार का कोई खतरा बच्चों को नहीं है, इस टीकाकरण से बच्चे के अंदर रोग प्रतिरोधक क्षमता बढती है और खसरा और रूबेला जैसी बिमारी से जीवन भर के लिए मुक्ति मिल जाती है, डॉ आरएस सिंह ने जनसामान्य से अपील करते हुए कहा कि कुछ असामाजिक तत्व टीकाकरण को लेकर अफवाहे फैलाने में लग गये है, उनकी बातों में न आये और मिजल्स और रूबेला टीका से कोई साईड इफेक्ट नहीं है, बल्कि यह टीका एक सुरक्षा कवच है और बच्चे को किसी तरह के कोई नुकसान नहीं पहुंचाता है।